आज दिखता है कि #शहरों में कितना अँधेरा है हँसती हुई आबादी में इक अपठित सी पीड़ है। आजाद भारत की #बदनसीबी की ये #तस्वीर है।
---------------अपठित सी पीड़--------------- आजाद भारत की #बदनसीबी की ये #तस्वीर है हर तरफ भटकती ह…
---------------अपठित सी पीड़--------------- आजाद भारत की #बदनसीबी की ये #तस्वीर है हर तरफ भटकती ह…